कसम तोड़कर पाकिस्तान पहुंचे अनूप जलोटा, सुनाया ‘भगवद् गीता’ के श्लोकों का उर्दू में अनुवाद

0
32

पाकिस्तान में कभी प्रस्तुति न देने की कसम खाने वाले फेमस सिंगर अनूप जलोटा पाकिस्तान में अपनी प्रस्तुति दी है। जलोटा ने इस सप्ताह पाकिस्तान में ‘भगवद् गीता’ के श्लोकों का उर्दू में अनुवाद सुनाया। उनका कहना है कि विश्व को कुरुक्षेत्र में बदलने से रोकने की उनकी यह छोटी सी कोशिश है।
जलोटा ने आईएएनएस से कहा, “भगवद् गीता के पास जीवन का उत्तर है। मुझे लगा कि मूल्यों का प्रचार आवश्यक है। एक संगीतकार के रूप में, बड़ा उद्देश्य शांति, सामंजस्य और प्रेम है और भगवद् गीता सभी का प्रतीक है। जब उर्दू में उर्दू बोलने वाले दर्शकों तक संगीत पहुंचाया जाता है, तो आप स्थानांतरित होते हैं, यह आपको बदलता है।”
अनूप जलोटा ने आगे कहा कि “मैंने पाकिस्तान में कई व्यावसायिक गजल शो करने से इनकार किया, लेकिन भजन और भगवद् गीता की प्रस्तुति से 50,000 लोगों को आकर्षित करना मेरे लिए विश्व शांति में विनम्र योगदान की शुरुआत है।” उन्होंने आगे कहा कि, “मैं रवैये और मनोदशा में बदलाव चाहता हूं। कम से कम मैं एक संगीतकार के रूप में दुनिया को कुरुक्षेत्र में बदलने से रोक सकता हूं।”
इससे पहले जलोटा ने इस सप्ताह की शुरुआत में सिंध के सतनाम आश्रम में प्रस्तुति दी। साथ मशहूर सिंगर ने कहा कि प्रतिभा का आदान-प्रदान दोनों ओर से होना चाहिए। इससे एक दूसरे के विचारों को समझने का मौक़ा मिलेगा। उन्होंने कहा, “भारत ने हमेशा पाकिस्तानी संगीतकारों और टैलेंट का स्वागत किया है। ऐसे में पाकिस्तान की समान नीति होनी चाहिए। इससे शांति और सामंजस्य बनाने में मदद मिलेगी।” साथ ही जलोटा का कहना है कि इस्लामिक देशों में उर्दू में भगवद् गीता को बढ़ावा देने के लिए मेरा यह एक छोटा सा कदम है।
आगे अनूप ने बताया कि, “पाकिस्तान के सिंध में एक सतनाम आश्रम एक आध्यात्मिक स्थान है। पिछले कई वर्षों से, वे भारत आ रहे हैं और मुझे उनके लिए गाने के लिए आमंत्रित करते हैं। मैं पिछले साल तक पाकिस्तान जाने से खुद को रोक रहा था। यह समय है कि इस्लामिक राष्ट्रों की यात्रा करें और देशों में भगवद् गीता का सार फैलाएं।”

No ratings yet.

Please rate this

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here