एक नजर डालते है, नोटबंदी के विषय में मोदी जी की स्पीच पर

0
27

एक नजर नजर डालते है नोटबंदी (Demonetisation) के विषय में मोदी जी की स्पीच पर Demonetisation Speech : भारत में मोदी सरकार आने के बाद कई बड़े फैसले लिए गए है। भारत के बड़े फैसलों में से एक नोटबंदी  (Demonetisation) भी शामिल है। आपने कई बार मोदी जी की स्पीच सुनी होंगी। आइये आज हम आपको मोदी जी की नोटबंदी से सम्बंधित स्पीच बताते है। किस तरह उन्होंने नोटबंदी के फैसले की घोषणा की थी।

नोटबंदी के सम्बन्ध में मोदीजी की पहली स्पीच (7/11/2016)

मेरे प्रिय नागरिक,

आज मैं आप सभी से एक विशेष अनुरोध करना चाहता हूं। इस वार्ता में कुछ महत्वपूर्ण विषय एवं कुछ गंभीर निर्णय आपसे साझा करूँगा। आपको ध्यान होगा जब आपने मई 2014 में जिम्मेदारी हमे सौंपी थी। तब देश की अर्थव्यवस्था में BRICKS के सम्बन्ध में यह आम चर्चा की थी कि, BRICKS में जो “I” अक्षर है, जो INDIA से जुड़ा है। लोग कहते थे BRICKS में जो “I” है, वो लुढ़क रहा है, लगातार देश में दो साल में देश व्यापी आकाल के बाबजूद भी पिछले ढाई वर्षों में आप सबा सौ करोड़ देशवासी के सहयोग से आज भारत ने ग्लोबल इकोनॉमी में एक BRIGHT SPOT अर्थात चमकता सितारा के रूप में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है ऐसा नहीं है कि, यह दावा हम कर रहे है लेकिन यह आवाज चारो ओर गूंज रही है।

योजनाओं का भी किया जिक्र:

भाइयों और बहनों,

विकास के इस दौर में हमारा मूल मंत्र रहा है सबका साथ सबका विकास। यह सरकार गरीबो के लिए समर्पित है और समर्पित रहेगी। गरीबी के खिलाफ हमारी लड़ाई का मुख्य शस्त्र गरीबो का, देश की अर्थव्यवस्था एवं सम्पन्नता में सक्रिय भागीदारी यानि गरीबो का सशक्तिकरण, इस प्रयास की झलक आप लोगो को प्रधान मंत्री जन धन योजना, जन सुरक्षा योजना, छोटे उद्यमों के लिए प्रधान मंत्री मुद्रा योजना, दलितों, आदिवासियों और महिलाओं के लिए स्टैंड-अप इंडिया कार्यक्रम, गरीबों के घरों में गैस कनेक्शन के लिए प्रधान मंत्री उज्ज्वला योजना, प्रधान मंत्री फसल बीमा योजना और प्रधान मंत्री कृषि सिंचाई योजना, किसानों की आय को सुरक्षित रखने के लिए, मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजना, किसानों के खेतों से सर्वोत्तम संभावित उपज सुनिश्चित करने के लिए और ई-एनएएम राष्ट्रीय बाज़ार स्थान योजना इन सब में साफ नजर आता है सरकार गाँव किसान और गरीब को समर्पित है।

आगे उन्होंने कहा-

मेरे प्यारे देशवासियों,

पिछले कुछ दशकों में हम अनुभव कर रहे है देश में भ्रष्टाचार कालाधन जैसी इन बीमारियों ने अपनी जड़े जमा ली है। देश से गरीबी हटाने में यह भ्रष्टाचार-कालेधन ये गोरख धंदे सबसे बड़ी वजह है। एक तरफ तो विश्व में हम आर्थिक गति में तेजी से बढ़ने वाले देशो में सबसे आगे है। दूसरी तरफ भ्रष्टाचार की ग्लोबल रैंकिंग में 2 साल पहले भारत करीब 100वे नंबर पर था। कई कदम उठाए जाने के बावजूद, हम केवल 76वे नंबर तक पहुंचे हैं। भ्रष्टाचार की बीमारी को समाज के कुछ वर्गों ने अपने हित के कारण फैला रखा है। वह गरीबों के हक़ को नजरअंदाज कर खुद फलते-फूलते रहे है। कुछ लोगों ने पद का दुरुपयोग करते हुए भरपूर फायदा उठाया है। दूसरी तरफ ईमानदार लोगों ने इसके खिलाफ लड़ाई भी लड़ी है देश के कुछ नागरिको ने ईमानदारी जी भर कर दिखाया है।

मेरे प्यारे देशवासियों,

हर देश के विकास के इतिहास में ऐसे क्षण आये है जब एक शक्तिशाली निर्णायक कदम की आवश्यकता हुई है, इस देश ने वर्षो से यह महसूस किया है कि, देश में भ्रष्टाचार-काला धन जाली नोट आतंकवाद देश में ऐसे नासूर है जो देश को विकास की दौड़ में पीछे ढकेलती है। एक तरफ आतंकबाद और जाली नोटों का जाल देश को तबाह कर रहा है। दूसरी और भ्रष्टाचार और कालेधन की चुनौतियां देश के सामने बनी हुई है। कई प्रयासों के माध्यम से, पिछले ढाई वर्षों में हमने भ्रष्टाचार से संबंधित लगभग 1 लाख करोड़ रुपये के काले धन के खुलासे किये हैं। ईमानदार नागरिक भ्रष्टाचार, काले धन, बेनामी संपत्ति, जाली नोट, आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई चाहते हैं। कौन सा ईमानदार नागरिक ऐसा होगा जिसे सरकारी अधिकारियों के बिस्तरों के नीचे रखे गए करोड़ रुपए के नोटों की रिपोर्ट से परेशानी नहीं होगी?

कुछ इस तरह की नोटबंदी की घोषणा:

भाइयों और बहनों,

भारत को भ्रष्टाचार और काला धन की दीमक से मुक्त करने के लिए एक और सख्त कदम उठाना जरूरी हो गया है। आज मध्य रात्रि यानि 8 नबम्बर 2016 की रात्रि को 12 बजे से वर्तमान में जारी 500 रूपये और 1,000 रुपए के करेंसी नोट लीगल टेंडर नहीं रहेंगे। यानि यह मुद्राएं कानूनन अमान्य होंगी। 500 और 1,000 रुपये के पुराने नोटों के जरिये लेन-देन की व्यवस्था आज मध्य रात्रि से उपलब्ध नहीं होगी। भ्रष्टाचार कालेधन और जाली नोट के कारोबार में लिप्त और समाज विरोधी के पास मौजूद 500 और 1,000 रुपये के पुराने नोट अब केवल कागज के बेकार टुकड़े बन जाएंगे। ऐसे नागरिक जो ईमानदारी से कमा रहे है उनके हितों की पूरी रक्षा की जाएगी ध्यान रहे कि 100, 50, 20, 10, पांच, दो और एक रुपया और सभी सिक्के लेन-देन के लिए नियमित है।

यहाँ 11 नवंबर को मध्यरात्रि तक 500 और 1,000 रुपए नोटों को स्वीकार किये जाएंगे। 

  • सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों द्वारा प्राधिकृत पेट्रोल, डीजल और सीएनजी गैस स्टेशन।
  •  राज्य या केंद्र सरकार द्वारा अधिकृत उपभोक्ता सहकारी भंडार।
  •  राज्य सरकारों द्वारा अधिकृत दूध बूथ।
  •  क्रीमेटोरिया और दफन मैदान।
मोदी जी ने बताये कुछ बिंदु:
  •  500 या 1000 रुपये के पुराने नोट रखने वाले व्यक्ति अपने बैंक या डाक घर के खातों में 10 नवंबर से 30 दिसंबर 2016 तक किसी भी सीमा के बिना बैंकिंग घंटों तक जमा कर सकते हैं। इस प्रकार आपके नोट जमा करने के लिए आपके पास 50 दिन होंगे।
  • नए नोट की आपूर्ति को ध्यान में रखते हुए, पहले कुछ दिनों में, प्रति दिन 10,000 रूपये और प्रति सप्ताह 20,000 रुपए की सीमा होगी। यह सीमा आने वाले दिनों में बढ़ जाएगी।
  • आपकी तत्काल जरूरतों के लिए, आप किसी भी बैंक, हेड पोस्ट ऑफिस या उप-डाक कार्यालय में जा सकते हैं, आधार कार्ड, मतदाता कार्ड, राशन कार्ड, पासपोर्ट, पैन कार्ड या अन्य मान्य प्रमाण जैसे आपके पहचान प्रमाण को दिखा सकते हैं और अपने पुराने 500 का आदान-प्रदान कर सकते हैं।
  • 10 नवंबर से 24 नवंबर तक ऐसे विनिमय के लिए सीमा 4,000 रुपये होगी। 25 नवंबर से 30 दिसंबर तक सीमा बढ़ा दी जाएगी। कुछ ऐसे लोग हो सकते हैं, जो किसी कारण से 30 दिसंबर 2016 तक अपने पुराने 500 या 1,000 रुपए के नोट जमा नहीं कर सकते हैं। वे 31 मार्च 2017 तक भारतीय रिज़र्व बैंक के निर्दिष्ट कार्यालयों में जा सकते हैं और घोषणा फॉर्म जमा करने के बाद नोट जमा कर सकते हैं।
  • 9 नवंबर और 10 नवंबर को कुछ स्थानों पर एटीएम काम नहीं करेंगे। पहले कुछ दिनों में प्रति कार्ड 2,000 रुपये प्रति दिन की सीमा होगी। यह बाद में 4,000 रुपए तक बढ़ाया जाएगा।

11 नवंबर को मध्यरात्रि तक का समय: 

  • 500 और 1,000 रुपया नोट आधी रात से कानूनी तौर पर चलन मै नहीं रहेंगे। हालांकि मानवीय कारणों के लिए, नागरिकों के कठिनाई को कम करने के लिए, पहले 72 घंटों के लिए कुछ विशेष व्यवस्था की गई, जो कि 11 नवंबर को मध्यरात्रि तक है। इस अवधि के दौरान सरकारी अस्पताल भुगतान के लिए 500 और 1,000 रुपए नोट स्वीकार करते रहेंगे।
  • 11 नवंबर को मध्यरात्रि तक, रेलवे टिकट बुकिंग काउंटर, सरकारी बसों के टिकट काउंटर और हवाई अड्डों पर एयरलाइन टिकट काउंटर टिकट खरीदने के लिए पुराने नोट स्वीकार करेंगे।
  • नए नोटों या अन्य कानूनी निविदाओं के लिए उन्हें आदान प्रदान करने के लिए यात्रियों के आगमन और प्रस्थान करने के लिए अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर व्यवस्था की जाएगी, जो 5,000 या उससे अधिक के 500 या 1,000 रुपये के नोट हैं।
  • विदेशी पर्यटकों कानूनी निविदा में 5000 रुपये से अधिक की विदेशी मुद्रा या पुराने नोटों का आदान-प्रदान करने में सक्षम होगा। मैं एक और बात का उल्लेख करना चाहूंगा, मुझे इस बात पर जोर देना है कि, इस पूरे अभ्यास में चेक, डिमांड ड्राफ्ट, डेबिट या क्रेडिट कार्ड और इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर द्वारा गैर-नकद भुगतान पर किसी तरह का कोई प्रतिबंध नहीं है।

इन बिन्दुओ को रखते हुए किया धन्यवाद:

भाइयों और बहनों,

अनुभव हमें बताता है कि, आम नागरिक देश की भलाई के लिए त्याग और कठिनाइयों का सामना करने के लिए कभी भी पीछे नहीं रहता है। जब में सुनता हुँ, एक गरीब विधवा अपनी एलपीजी सब्सिडी को छोड़ देता है, तब जब वह एक गरीब विधवा, स्वच भारत मिशन को अपनी पेंशन का योगदान देता है, जब एक गरीब आदिवासी मां, अपने बकरियों को शौचालय बनाने के लिए बेचती है, जब कोई सैनिक अपने परिवार को 57,000 रूपये का योगदान देता है। मैंने देखा है कि सामान्य नागरिक देश की प्रगति के लिए कुछ भी कर गुजरने को तैयार है। भ्रष्टाचार, काले धन, नकली नोटों और आतंकवाद के खिलाफ इस लड़ाई में हम लोग थोड़ी सी कठिनाई कुछ दिनों के लिए झेल ही सकते है। मुझे पूरा विशवास है कि महायान के यज्ञ में हर नागरिक भाग लेंगे।

मेरे प्रिय नागरिक,

एक बार फिर, मैं आपको अपने देश को शुद्ध करने के लिए इस भव्य बलिदान में अपना योगदान करने के लिए आमंत्रित करूंगा, जैसे ही आप दिवाली के दौरान अपने परिवेश को साफ करते हैं। हमें ईमानदारी और विश्वसनीयता के इस त्योहार में शामिल होने दें। आइए हम अपनी पीढ़ियों को गरिमा से जीने के लिए सक्षम करें। हमें भ्रष्टाचार और काले धन से लड़ने दो। आइए हम यह सुनिश्चित करें कि देश की संपत्ति गरीबों को लाभ दे। आइए कानून-पालन करने वाले नागरिकों को अपना उचित हिस्सा पाने के लिए सक्षम करें। में आप सबके सहयोग के लिए पुरे विशवास के साथ 125 करोड़ लोगो की मदद से भ्रष्टाचार के खिलाफ इस लड़ाई को और आगे ले जाना चाहता हूँ। मुझे विश्वास है आपका साथ आपका सहयोग हमारे आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरक बनेगा। में फिर एक बार दिल से आभार व्यक्त करता हूँ।

5/5 (1)

Please rate this

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here